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Tuesday, December 13, 2016

प्रेग्नेंसी में सुरक्षित यात्रा करने के टिप्स

गर्भावस्था अर्थात प्रेग्नेंसी हर महिला के जीवन के सबसे सुंदर अनुभवों में से एक होता है। इस दौरान महिलाएं ऐसे क्षणों को जीती हैं जिनसे वे अब तक अंजान थीं। प्रेग्नेंसी के दौरान महिलाएं कई खट्टे-मीठे अनुभवों व उतार-चढ़ावों से गुजरती है। इस दौरान कई सावधानियां रखने की भी जरूरत होती है। विशेष तौर पर प्रेग्नेंसी में कोई यात्रा कैसे की जाए, यह काफी गंभीर विषय है। आइये जानें गर्भावस्था के दौरान सुरक्षित यात्रा कैसे की जाए। 




प्रेग्नेंसी के तीन चरण होते है जिन्हें ट्राइमेस्टर्स के नाम से जाना जाता है। जैसे कि पहला ट्राइमेस्टर, दूसरा और तीसरा ट्राइमेस्टेर। प्रेग्नेंसी के दौरान खास देखभाल की जरूरत होती है ऐसे में बहुत ज्यादा ट्रैवलिंग न करें, यदि किन्हीं कारणों से ट्रैवल करना भी पड़े तो प्रेग्नेंसी में ट्रैवलिंग के सभी नियमों को जान लें और सुरक्षित ट्रैवलिंग करें। प्रेग्नेंसी के तीनों चरणों में से दूसरे चरण में ट्रैवल करना फिर भी सुरक्षित होता है।

प्रेग्नेंसी के दौरान यात्रा करना उन महिलाओं के लिए हानिकारक हो सकता है, जिन्हें हाई रिस्क प्रेग्नेंसी है या जिन्हें डॉंक्टर ने पूरी तरह से आराम करने की सलाह दी है। इन महिलाओं को यात्रा के दौरान काफी समस्या हो सकती है, जैसे- सफर का लंबा समय, सड़क खराब होना, सफर के दौरान चिकित्सा सुविधाओं का अभाव आदि कुछ ऐसे परेशानियां हैं, जिनसे प्रेग्नेंसी पर असर पड़ता है।

प्रेग्नेंसी का दूसरे ट्राइमेस्टर यानी 3 से 6 महीने के बीच का समय फिर भी सफर करने के लिए सुरक्षित होता है। इस अवधी में आप आसानी से ट्रैवल कर सकती हैं, क्योंकि इन महीनों में मॉर्निंग सिकनेस, अधिक थकान, सुस्ती जैसी शिकायतें कम ही होती हैं। सेफ ट्रैवल के साथ ही यह भी आवश्यक है कि आप ऐसी जगहों पर न जाएं, जहां किसी संक्रमित बीमारी का प्रकोप फैला हो।

वैसे तो प्रेग्नेंसी के दौरान हवाई यात्रा कर ना सुरक्षित नहीं होती, लेकिन किन्हीं कारणों से यदि आपको हवाई यात्रा करनी भी पड़े तो आपको गर्भावस्था के 14 से 28 सप्ताहों के बीच में ही यात्रा करनी चाहिए व उससे पहले अपने डॉक्टर की सलाह जरूर लेनी चाहिए और डॉक्टर द्वारा दिये गए सभी निर्देशों का पालन करना चाहिए।

  • लंबा सफर करने से बचें। यदि आप ट्रैवल कर भी रहे हैं तो अपने साथ पानी की पूर्ण सुविधा रखें जिससे पानी की कमी न होने पाएं।

  • कहीं भी जाने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें और डॉक्टर के निर्दशों का पालन करें।

  • ट्रैवल पर जाते समय डॉक्टर के निर्देशों का पालन करते हुए सभी दवाइयों को अपने साथ रखें और अपने डॉक्टर के पेपर्स और डॉक्टर का नंबर हमेशा अपने साथ रखें। जिससे आपातकालीन में आप उसका उपयोग कर पाएं।

  • गाड़ी में यात्रा के दौरान खिड़की खोल कर रखें और सीट बेल्ट को पेट के नीचे बांधे।

  • कार में बहुत ज्यादा सिकुड़ कर न बैठे बल्कि पैर फैलाते हुए ऐसे बैठे जिससे आप आसानी से पैर हिला सकें और ऐंठन या अकड़न होने पर आपको अपना पोस्चर बदलने में दिक्कत न हो।

  • सीट पर पीछे की तरफ कमर ऐसे टिका कर बैठे जिससे कोई दर्द न हो।

  • सफर पर जाने से पहले वहां के माहौल और मौसम की पूरी जानकारी ले लें और उसी हिसाब से कपड़े लेकर जाएं।

  • बहुत ज्यादा फैशन के चक्कर में टाइट कपड़े या फिर हील वाली सैंडल इत्यादि का इस्तेमाल न करें।

  • ट्रैवल के दौरान कोई भी समस्या होने पर अपने मन से कोई दवा न खाएं अपने डॉक्टर या फिर नजदीकी किसी डॉक्टर से जरूर कसंल्ट कर लें।


इन टिप्स को अपनाकर आप आसानी से प्रेग्नेंसी में सेफ ट्रैवलिंग कर सकती हैं और आपातकालीन स्थिति आने पर भी अपने आपको संभाल सकती हैं।